चंडीगढ़ : हरियाणा में बीते दिनों सरकार की ओर से बीपीएल परिवारों को राशन डिपो से दिए जाने वाले सरसों के तेल के दामों में किए गए बदलाव में एक बार फिर से संशोधन किया गया है। बीते दिनों खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की ओर से राशन डिपो के जरिये गरीबों को दिए जाने वाले सरसों के तेल की कीमतों में बढ़ोतरी की थी। इसे लेकर सरकार विपक्षी दलों के निशाने पर आ गई है। विपक्षी दलों के विरोध के साथ ही बीपीएल परिवारों में भी सरकार के इस फैसले से नाराजगी देखी जा रही है।
इसी बीच अब खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री राजेश नागर ने स्पष्ट किया है कि दो लीटर तेल लेने पर बढ़ी हुई कीमतें (100 रुपए) ही देनी होंगी। इसके अलावा उन्होंने कहा कि यदि बीपीएल परिवार महीने में केवल एक ही लीटर सरसों का तेल लेते हैं तो उन्हें 30 रुपए देने होंगे। बता दें कि इससे पहले गरीब परिवारों को 20 रुपये प्रति लीटर के हिसाब से महीने में दो लीटर सरसों का तेल मुहैया करवाया जाता था। उन्होंने कहा कि सरसों के तेल के दाम 2018 से नहीं बढ़ाए गए हैं। लगातार बढ़ती कीमतों के बाद यह फैसला लिया गया है। हमने व्यवस्था की है कि यदि कोई एक लीटर तेल लेता है तो उसे सिर्फ 30 रुपए ही देने होंगे।




