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हरियाणा और दिल्ली पर बाढ़ का हाई अलर्ट, यमुना नदी में छोड़ा गया 3 लाख क्यूसिक से अधिक पानी

Yamuna water level crossed the danger level : पहाड़ों में आफत बनकर बरस रही बारिश अब मैदानी इलाकों में भी कहर ढाने वाली है। पहले से ही बाढ़ में घिरे पंजाब के बाद अब हरियाणा और दिल्ली पर भी बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। हथनीकुंड बैराज पर यमुना नदी का जल स्तर डेंजर लेवल को भी पार कर चुका है। आज सुबह हथनीकुंज बैराज से यमुना नदी में 3 लाख क्यूसिक से भी अधिक पानी छोड़ा गया है, जोकि यमुना नदी में बाढ़ के डेंजर लेवल से भी अधिक है। ऐसे में यमुना के साथ लगते हरियाणा के इलाकों के अलावा राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी बाढ़ का अलर्ट जारी किया गया है।

देर रात बजा सायरन

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यमुनानगर में हथिनीकुंड बैराज पर यमुना नदी में रात को पानी का स्तर तेजी से बढ़ गया, जिसके चलते चेतावनी सायरन बजाया गया, जिसकी गूंज दूर तक सुनाई दी और हाई अलर्ट जारी किया गया है। रात 2 बजे बैराज पर 1 लाख 5 हजार क्यूसेक पानी आने के बाद सभी गेट खोल दिए गए। इसके बाद सुबह 4 बजे यह मात्रा बढ़कर 1 लाख 65 क्यूसेक और सुबह 6 बजे 1 लाख 95 हजार क्यूसेक हो गई। ताजा आंकड़ों के अनुसार, सुबह 7 बजे तक 2 लाख 72 हजार क्यूसेक पानी यमुना नदी में छोड़ा गया है, जिसे उच्च बाढ़ की श्रेणी में रखा गया है। वहीं 8 बजे जलस्तर 3 लाख 11 हजार क्यूसेक पहुंच गया है। जो लगातार बढ़ता जा रहा है।

दिल्ली के लिए बढ़ा खतरा

यह भारी मात्रा में पानी अगले 72 घंटों में दिल्ली पहुंचने की संभावना है, जिससे राष्ट्रीय राजधानी में बाढ़ का गंभीर खतरा मंडरा रहा है। वहीं यमुनानगर, करनाल, और सोनीपत के इलाकों में लोगों को यमुना नदी के किनारों से दूर रहने की चेतावनी है, क्योंकि हथिनीकुंड बैराज के सभी 18 गेट खोले जाने से नदी के डाउनस्ट्रीम क्षेत्रों में खतरा बढ़ गया है।

दो दिन बारिश का रेड अलर्ट

मौसम विभाग ने यमुनानगर के लिए बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है, जिसमें आज दिनभर भारी बारिश की संभावना जताई गई है। सुबह से तेज हवाएं (30-40 किमी/घंटा) और हल्की बूंदाबांदी के बाद तेज बारिश शुरू हुई। बता दें कि इस मानसून सीजन में यमुनानगर में 916.8 मिमी बारिश हो चुकी है, जो हरियाणा में सबसे अधिक है। भारी बारिश और हथिनीकुंड बैराज से पानी छोड़े जाने के कारण यमुना, सोम, और पथराला नदियों में पानी का स्तर लगातार बढ़ रहा है।

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